कलम, तलवार और त्याग कलम, तलवार और त्याग

कलम, तलवार और त्या‪ग‬

भाग १

Descripción editorial

कलम, तलवार और त्याग भाग-१ ऐतिहासिक पात्रों का संक्षिप्त जीवन परिचय है। इस पुस्तक में प्रेमचंद ने महाराणा प्रताप, राजा रणजीतसिंह, राणा जंगबहादुर, अकबर महान, स्वामी विवेकानंद और राजा मानसिंह शीर्षक से छ: निबंध लिखे हैं। राणा जंगबहादुर को छोड़ कर सभी भारतीय माटी की उपज थे। अपने-अपने समय और क्षेत्र में गौरव की पताकाएँ इन्होंने लहराई थीं। अकबर, मानसिंह और राणा प्रताप तो एक ही समयावधि के भारतीय सपूत है। जहाँ एक तरफ अपनी दुर्घर्षता और जीवटता की वजह से राणा प्रताप अकबरी झंड़े के नीचे नहीं आये, वहीं दूसरी तरफ अकबर ने भी ऐसे मर्द दुश्मन के स्वाभिमान का पूरा सम्मान रखा। अकबर को प्रतापी बनाने में जितनी गति से उसकी तलवार चलती थी, उससे दुगुनी गति से मानसिंह की तलवार चलती थी। तो अकबर की महानता में मानसिंह और उसके नवरत्न भी उतने ही भागीदार थे जितने अकबर स्वयं। किताब के शीर्षक से इसके भीतर निहित पात्रों का औचित्य सिद्ध होता है। कुछ अपने तलवार के बल पर प्रतिष्ठित हुये कुछ त्याग के बल से। जंगबहादुर यद्यपि नेपाल के वीर पुत्र थे, परन्तु लेखक ने उनकी वीरता एवं समझदारी की वजह से उन्हें अपनी लेखनी का हिस्सा बनाया। वस्तुतः लेखक का उद्देश्य वीर सपूतों के सम्मान में अपने कलम का साक्षात्कार करना था। ऐतिहासिक और साहित्यिक दोनों ही दृष्टियों से उक्त किताब अपना महत्व रखती है।

GÉNERO
Historia
PUBLICADO
2016
13 de diciembre
IDIOMA
HI
Hindi
EXTENSIÓN
117
Páginas
EDITORIAL
Public Domain
INFORMACIÓN DEL PROVEEDOR
Public Domain
TAMAÑO
905,1
KB
अहंकार अहंकार
2016
निर्मला निर्मला
2016
गोदान गोदान
2016
कुछ विचार कुछ विचार
2016
ग्राम्य जीवन की कहानियाँ ग्राम्य जीवन की कहानियाँ
2016
वरदान वरदान
2016